नई दिल्ली। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष एवं कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस के ठीक पहले एक वीडियो जारी किया और कहा कि आप लोग अपनी अपनी कुर्सी की पेटी बांध लीजिए। राहुल के इस संकेत के बाद वे मंच पर आए और उन्होंने कांग्रेस के वोटरों के नाम डिलीट होने के सबूत रखे। साथ ही उन्होंने कहा कि वोट चोरों की रक्षा भारत का चुनाव आयोग कर रहा है। उन्होंने दावा करते हुए कहा कि, मैं ऐसा कुछ नहीं कहता जो सच न हो। मैं ऐसा व्यक्ति हूं जो अपने देश से प्यार करता हूं, मैं अपने संविधान से प्यार करता हूं, मैं लोकतांत्रिक प्रक्रिया से प्यार करता हूं और मैं उस प्रक्रिया की रक्षा कर रहा हूं। राहुल गांधी ने कहा कि भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त उन लोगों को बचा रहे हैं, जिन्होंने भारतीय लोकतंत्र को खत्म कर दिया है।
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने वोट चोरी के आरोप पर गुरुवार को दूसरी बार प्रेस कॉन्फेंस की है। इससे पहले उन्होंने 7 अगस्त को मीडिया से बात की थी। राहुल ने प्रेजेंटेशन के जरिए वोट चोरी के आरोप और सबूत दिखाए। उन्होंने कहा को चुनाव आयोग जानबूझकर कांग्रेस के वोटों को निशाना बना रहा है और उनके नाम हटा रहा है। राहुल इस बार अपने साथ ऐसे वोटर्स को भी लेकर आए, जिनके नाम वोटर्स लिस्ट से हटाये गए हैं। राहुल ने इस मौके पर भाजपा पर चुनाव आयोग की मिलीभगत से बिहार, हरियाणा, कर्नाटक और महाराष्ट्र में वोटर लिस्ट में गड़बड़ी का आरोप लगाया। राहुल गांधी ने 1 सितंबर को, बिहार में अपने वोटर अधिकार यात्रा के आखिरी दिन कहा था कि वोट चोरी की सच्चाई पूरे देश को पता लगने वाली है। एटम बम से बड़ा हाइड्रोजन बम होता है, वो आ रहा है। इसके बाद 11 सितंबर को अपने संसदीय क्षेत्र में कहा था, हम वोट चोरी के धमाकेदार सबूत देंगे।
राहुल गांधी ने कहा कि आलंद कर्नाटक का एक विधानसभा क्षेत्र है। वहां किसी ने 6,018 वोट वोटर लिस्ट से हटानेे की कोशिश की। हमें नहीं पता कि 2023 के चुनाव में कुल कितने वोट हटाये गए, लेकिन यह संख्या 6,018 से कहीं ज्यादा थी। बस इतनी बात हुई कि इन 6,018 वोटों को हटाते समय गलती से मामला पकड़ में आ गया। हुआ यूं कि वहां की एक बूथ-लेवल अधिकारी ने देखा कि उसके चाचा का वोट हटाया गया है। उसने जांच की कि उसके चाचा का वोट किसने हटाया, तो पता चला कि पड़ोसी ने हटाया है। जब उसने अपने पड़ोसी से पूछा तो उसने कहा कि मैंने कोई वोट नहीं हटाया। न तो जिस व्यक्ति ने वोट हटाया और न ही जिसका वोट हटा- दोनों को इस बारे में कुछ पता था। असल में किसी और ताकत ने सिस्टम को हाईजैक करके यह वोट हटा दिया था। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि एक कन्नड वोटर का वोट हटाया गया। उन्होंने वोटर को मंच पर बुलाकर उससे बात रखने को कहा। वोटर ने बताया, मेरे नाम पर 12 लोगों के नाम वोटर लिस्ट से हटाये गये है। हालांकि मुझे इसकी जानकारी भी नहीं। मैंने नही किसी को मैसेज किया और न ही किया को बुलाया।







