भोपाल। सिया (स्टेट एनवायरनमेंट इम्पैक्ट असेसमेंट अथॉरिटी) का पटाक्षेप हो गया है। सिया के चेयरमैन से विवाद के बाद मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने प्रमुख सचिव पर्यावरण डॉ नवनीत मोहन कोठारी और एप्को की कार्यपालन संचालक उमा माहेश्वरी आर को हटा दिया है। इसके साथ ही राज्यपाल के अपर मुख्य सचिव केसी गुप्ता को भी स्थानांतरित कर दिया गया है। जबकि चंद्रमोली को अपर सचिव मुख्यमंत्री सचिवालय की जिम्मेदारी सौंपी गई हैं। डॉ नवनीत कोठारी को राज्यपाल का प्रमुख सचिव बनाया गया है।
राज्य शासन द्वारा बुधवार को जारी आदेश में केसी गुप्ता अपर मुख्य सचिव को राजभवन से हटाते हुए अपर मुख्य सचिव कुटीर और ग्रामोद्योग विभाग पदस्थ किया गया है।
इसके अलावा कई आईएएस अफसरों को अतिरिक्त प्रभार सौंपे गए हैं, जो इस प्रकार हैं-
-सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी आदेश में अपर मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल को अपने पूर्व की जिम्मेदारियों के साथ अपर मुख्य सचिव पर्यावरण विभाग, पर्यावरण आयुक्त और महानिदेशक एप्को का भी अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।
-चंद्रमौलि शुक्ला को वर्तमान दायित्वों के साथ अपर सचिव मुख्यमंत्री का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।
-दीपक आर्य को ग्रामीण सडक़ विकास प्राधिकरण के सीईओ के साथ कार्यपालन संचालक पर्यावरण नियोजन और समन्वय संगठन एप्को का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।
-अपर मुख्य सचिव केसी गुप्ता के कुटीर और ग्रामोद्योग का चार्ज लेने के बाद अमित राठौर प्रमुख सचिव वाणिज्यिक कर कुटीर व ग्रामोद्योग के अतिरिक्त प्रभार से मुक्त होंगे।
-उमा माहेश्वरी आर अब सिर्फ ओएसडी सह संचालक भारतीय चिकित्सा पद्धति और होम्योपैथी की जिम्मेदारी संभालेंगी, दीपक आर्य के चार्ज लेने के साथ वे कार्यपालन संचालक पर्यावरण नियोजन और समन्वय संगठन की जिम्मेदारी से मुक्त होंगी।
क्या था सिया विवाद
मुख्यमंत्री डॉ यादव के दुबई प्रवास के दौरान पर्यावरण विभाग के प्रमुख सचिव डॉ कोठारी और सिया के चेयरमैन एसएन चौहान के बीच चल रहे विवाद में तब बखेड़ा हो गया था, जब एप्को परिसर स्थित सिया के चेयरमैन के दफ्तर में ताला लगा दिया गया और इसके बाद सिया के चेयरमैन ने पूरे मामले की शिकायत चीफ सेक्रेटरी से की थी। सीएम को भी दुबई प्रवास के दौरान भी यह जानकारी मिली थी। इसके बाद सिया चेयरमैन के दफ्तर का ताला खोल दिया गया था।







